बिहार में प्रशासन की तमाम पाबंदियों और सख्त चेतावनियों को ठेंगा दिखाते हुए एक बार फिर ‘हर्ष फायरिंग’ ने एक परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया। ताजा मामला वैशाली जिले के भगवतपुर गांव का है, जहां शादी के जयमाल के दौरान हुई अंधाधुंध फायरिंग में एक महिला के पैर के परखच्चे उड़ गए। विडंबना देखिए कि घायल महिला का पति खुद पुलिस महकमे में चौकीदार है, जो दूसरों को कानून का पाठ पढ़ाता है, लेकिन आज उसका अपना ही परिवार ‘सिस्टम’ की नाकामी का शिकार हो गया।
खुशियों के बीच चीख-पुकार, मासूम भी घायल
भगवतपुर गांव में शादी का जश्न चरम पर था। जयमाल की रस्म के वक्त लोग नाच-गाने में मशगूल थे, तभी अचानक गोलियों की तड़तड़ाहट से इलाका गूंज उठा। किसी सिरफिरे की बंदूक से निकली गोली सीधे वहां मौजूद एक महिला के पैर में जा धंसी। गोली की रफ्तार और प्रभाव इतना घातक था कि महिला के पैर का निचला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। इस वारदात में एक मासूम बच्चा भी छर्रे लगने से घायल हुआ है। घटना के बाद शादी के पंडाल में भगदड़ मच गई। घायल महिला को आनन-फानन में मुजफ्फरपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।
चौकीदार की पत्नी बनी ‘टशन’ का शिकार
हैरानी की बात यह है कि घायल महिला के पति मुकेश कुमार बेलसर थाने में चौकीदार के पद पर कार्यरत हैं। मुकेश ने सिसकते हुए बताया कि वह समाज में शांति बनाए रखने का काम करते हैं, लेकिन इसी समाज के कुछ रसूखदारों के ‘हथियार लहराने के टशन’ ने उनकी दुनिया उजाड़ दी। घायल महिला के पति चौकीदार मुकेश कुमार हम पुलिस विभाग के अंग हैं, हमेशा लोगों को समझाते हैं कि हथियार मत चलाओ। लेकिन आज मेरी ही पत्नी अस्पताल में जिंदगी और मौत से लड़ रही है। दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
डॉक्टर बोले- स्थिति गंभीर
अस्पताल में महिला का इलाज कर रहे डॉक्टरों के मुताबिक, गोली लगने से पैर की हड्डियां और मांसपेशियां बुरी तरह फट गई हैं। डॉ. अमृतांशु प्रांजल ने कहा कि मरीज के पैर में गंभीर इंजरी है। गोली लगने के कारण पैर के हिस्से बुरी तरह डैमेज हो गए हैं। हम उन्हें बचाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं।
प्रशासन पर उठते सवाल
यह घटना पुलिस की खुफिया तंत्र और मुस्तैदी पर बड़ा सवाल खड़ा करती है। क्या बिहार में हर्ष फायरिंग को लेकर बने कानून सिर्फ कागजों तक सीमित हैं? जब एक पुलिसकर्मी का परिवार सुरक्षित नहीं है, तो आम जनता का क्या होगा? फिलहाल आरोपी फरार हैं और पुलिस मामले की तफ्तीश का दावा कर रही है।
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