रिलायंस ग्रुप के चेयरमैन अनिल अंबानी की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने ₹40,000 करोड़ के कथित बैंक धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में उन्हें लगातार दूसरे दिन नया समन जारी किया है। गुरुवार को दिल्ली स्थित मुख्यालय में 9 घंटे की लंबी पूछताछ के बाद, केंद्रीय एजेंसी ने उन्हें आज यानी शुक्रवार (27 फरवरी 2026) को भी पेश होने के लिए कहा है।
अबतक क्या-क्या हुआ :
- लंबी पूछताछ: गुरुवार को अनिल अंबानी सुबह 10:30 बजे ED दफ्तर पहुंचे थे और रात करीब 8:20 बजे वहां से बाहर निकले।
- ₹3,716 करोड़ का बंगला जब्त: पूछताछ से ठीक एक दिन पहले, ED ने मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत मुंबई के पाली हिल स्थित अंबानी के आलीशान आवास ‘अबोड’ (Abode) को कुर्क (Attach) कर लिया था।
- SIT का गठन: सुप्रीम कोर्ट के कड़े रुख के बाद, ED ने इस मामले की तह तक जाने के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है, जो रिलायंस ग्रुप की कंपनियों द्वारा लिए गए लोन की हेराफेरी की जांच कर रहा है।
क्या है पूरा मामला?
यह पूरी जांच रिलायंस कम्युनिकेशंस (RCOM) द्वारा विभिन्न बैंकों से लिए गए लोन और उनके कथित डायवर्जन से जुड़ी है।
- धोखाधड़ी का आरोप: आरोप है कि RCOM और उसकी सहयोगी कंपनियों ने देश-विदेश के बैंकों से लगभग ₹40,185 करोड़ का कर्ज लिया, जिसका इस्तेमाल लोन की शर्तों के उल्लंघन में किया गया।
- फंड की हेराफेरी: ED की जांच में सामने आया है कि इस पैसे को शेल कंपनियों, विदेशी निवेशों और व्यक्तिगत खर्चों के लिए ‘लेयरिंग’ के माध्यम से घुमाया गया।
- CBI की नई FIR: इसी बीच सीबीआई (CBI) ने भी बैंक ऑफ बड़ौदा के साथ ₹2,220 करोड़ की धोखाधड़ी के मामले में अनिल अंबानी और RCOM के खिलाफ एक नई FIR दर्ज की है।

