केंद्रीय बजट 2026-27 के पेश होने के बाद खेल जगत में उत्साह की लहर है। पूर्णिया रग्बी संघ के सचिव और अंतरराष्ट्रीय ऑफिशियल शुभम आनंद ने इस बजट को भारतीय खेलों के भविष्य के लिए एक ‘दूरदर्शी ब्लूप्रिंट’ करार दिया है। उन्होंने कहा कि यह बजट न केवल पेशेवर खिलाड़ियों के लिए, बल्कि जमीनी स्तर पर प्रतिभाओं को निखारने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
सस्ते होंगे खेल उपकरण, ग्रामीण प्रतिभाओं को मिलेगा मौका
शुभम आनंद ने बजट की सराहना करते हुए कहा कि खेल उपकरणों के दामों में कटौती एक क्रांतिकारी फैसला है। उन्होंने बताया, “अक्सर संसाधनों और महंगे उपकरणों के अभाव में ग्रामीण क्षेत्रों की प्रतिभाएं दबकर रह जाती हैं। अब खेल सामग्री सस्ती होने से गांव और शहरों के युवा आसानी से गुणवत्तापूर्ण सामान खरीद सकेंगे। इससे खेलों में भागीदारी का ग्राफ तेजी से बढ़ेगा।”
स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ी राहत: कैंसर और शुगर की दवाएं सस्ती
खेलों के साथ-साथ शुभम आनंद ने स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए किए गए प्रावधानों का भी स्वागत किया। उन्होंने कहा कि डायबिटीज और कैंसर जैसी जानलेवा बीमारियों की दवाओं के दाम कम करना एक सराहनीय पहल है। इससे मध्यम और गरीब वर्ग के परिवारों पर आर्थिक बोझ कम होगा और स्वास्थ्य सेवाएं आम आदमी की पहुंच में होंगी।
मजबूत होगी खेल संस्कृति
बजट में खेल सुविधाओं और बुनियादी ढांचे पर निवेश बढ़ाने के फैसले को उन्होंने फिटनेस और अनुशासन से जोड़ते हुए कहा कि इससे स्कूल-कॉलेजों में एक नई खेल संस्कृति विकसित होगी। आने वाले वर्षों में यह निवेश भारत को वैश्विक खेल मानचित्र पर और अधिक मजबूती प्रदान करेगा।

