राजधानी पटना के मालसलामी थाना क्षेत्र स्थित दमराही घाट पर बुधवार को चैती छठ के अवसर पर बड़ा हादसा हो गया। जहाँ गंगा स्नान के दौरान पांच युवक गहरे पानी में समा गए। स्थानीय लोगों की जांबाजी से दो युवकों को तो सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, लेकिन दो किशोरों की अस्पताल में मौत हो गई। वहीं, एक अन्य किशोर अब भी लापता है, जिसकी तलाश के लिए SDRF की टीम रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही है।
बैरिकेडिंग पार करना पड़ा भारी
जानकारी के अनुसार, कंकड़बाग थाना क्षेत्र के जोगीपुर मोहल्ले के पांच दोस्त चैती छठ पूजा के सिलसिले में मालसलामी के दमराही घाट आए थे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, प्रशासन द्वारा घाट पर सुरक्षा के लिहाज से लगाई गई बैरिकेडिंग को लांघकर ये सभी युवक गहरे पानी में चले गए। नदी की गहराई का सही अंदाजा न होने के कारण एक युवक डूबने लगा, जिसे बचाने के चक्कर में पांचों दोस्त एक-दूसरे को पकड़कर डूबने लगे।
दो की मौत, परिजनों में मचा कोहराम
घाट पर मौजूद स्थानीय गोताखोरों और लोगों ने तत्परता दिखाते हुए दो युवकों को सकुशल बाहर निकाल लिया। वहीं, गंभीर हालत में गणेश कुमार (18 वर्ष) और रोहित कुमार (17 वर्ष) को तुरंत NMCH (नालंदा मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल) ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतक गणेश कुमार, स्वर्गीय महेश प्रसाद का पुत्र था और रोहित कुमार, अनिल राम का पुत्र था। दोनों ही जोगीपुर के निवासी थे।
SDRF का सर्च ऑपरेशन जारी
हादसे के बाद से जोगीपुर निवासी स्वर्गीय विजय प्रसाद का 17 वर्षीय पुत्र शिबू कुमार अब भी लापता है। पुलिस ने घटनास्थल पर पहुँचकर मोर्चा संभाला और SDRF की टीम को सूचित किया। फिलहाल, शिबू की तलाश में गंगा की लहरों के बीच सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
पुलिस ने गणेश और रोहित के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इस हृदयविदारक घटना के बाद मृतकों के घरों में कोहराम मचा है। त्यौहार की खुशियाँ मातम में बदल गई हैं और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

