bhagalpur-eo-murder-case-main-accused-ramdhani-yadav-killed-in-encounter

जिंदगी की जंग हार गए राजकुमार गुड्डू! मेदांता से आई वो खबर जिसने सुल्तानगंज के लोगों का दिल तोड़ दिया

बिहार के भागलपुर जिले से शनिवार की सुबह एक हृदयविदारक खबर सामने आई है। सुल्तानगंज नगर परिषद के लोकप्रिय सभापति और भाजपा नेता राजकुमार गुड्डू अब हमारे बीच नहीं रहे। पटना के मेदांता अस्पताल में पिछले 11 दिनों से वेंटिलेटर पर जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे गुड्डू ने शनिवार, 9 मई 2026 को अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर मिलते ही पूरे अंग क्षेत्र और सुल्तानगंज में शोक की लहर दौड़ गई है।

राजकुमार गुड्डू 28 अप्रैल को हुए उस खौफनाक सुल्तानगंज नगर परिषद गोलीकांड के शिकार हुए थे, जिसने पूरे बिहार को हिला कर रख दिया था। जानकारी के मुताबिक, टेंडर विवाद को लेकर उपसभापति नीलम देवी के पति और कुख्यात अपराधी रामधनी यादव ने कार्यालय के भीतर घुसकर अंधाधुंध फायरिंग की थी। उस हमले में नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण कुमार की घटनास्थल पर ही मौत हो गई थी, जबकि राजकुमार गुड्डू को गंभीर हालत में पटना रेफर किया गया था।

मेदांता अस्पताल के ICU में विशेषज्ञों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही थी। हजारों समर्थक और परिजन अस्पताल के बाहर उनके चमत्कारिक रूप से ठीक होने की दुआएं मांग रहे थे। लेकिन गोली लगने के कारण शरीर के अंदरूनी अंगों में हुए गंभीर जख्मों के आगे डॉक्टरों की हर कोशिश नाकाम रही।

इस हाई-प्रोफाइल मर्डर और हमले के बाद भागलपुर पुलिस ने कड़ा रुख अपनाया था। घटना के महज 24 घंटे के भीतर ही मुख्य आरोपी रामधनी यादव को पुलिस ने एक एनकाउंटर में ढेर कर दिया था। हालांकि, आरोपी के अंत के बावजूद सुल्तानगंज ने आज अपने एक और कर्मठ जनप्रतिनिधि को खो दिया।

राजकुमार गुड्डू के निधन पर जदयू विधायक ललित नारायण मंडल समेत कई दिग्गज नेताओं ने गहरी संवेदना व्यक्त की है। स्थानीय लोगों का कहना है कि गुड्डू केवल एक नेता नहीं, बल्कि सुख-दुख के साथी थे। उनके आवास पर समर्थकों की भारी भीड़ जमा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।