jamtara-ayushman-bharat-scam-dc-ravi-anand-raids-city-hospital-mangalam-netralaya

झारखंड में आयुष्मान भारत की राशि पर डाका! स्वास्थ्य मंत्री के इलाके में 1 माह में 600 ऑपरेशन का फर्जी दावा, अब जेल जाएंगे अस्पताल संचालक

झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ.इरफान अंसारी के गृह जिले जामताड़ा में स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर चल रहे एक बड़े गोरखधंधे का पर्दाफाश हुआ है। निजी अस्पतालों द्वारा आयुष्मान भारत मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना में की जा रही भारी अनियमितताओं की शिकायतों के बाद जिला प्रशासन ने बुधवार को बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक की। उपायुक्त (DC) सह जिला दंडाधिकारी रवि आनंद ने खुद मोर्चा संभालते हुए शहर के प्रमुख अस्पतालों का औचक निरीक्षण किया, जिसके बाद पूरे जिले के स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मच गया है।

जांच के दौरान सबसे चौंकाने वाला खुलासा सिटी हॉस्पिटल और मंगलम नेत्रालय में हुआ। DC रवि आनंद ने बताया कि सिटी हॉस्पिटल ने आयुष्मान भारत योजना के तहत एक महीने में 600 से अधिक मोतियाबिंद ऑपरेशनों का बिल क्लेम किया था। जब डीसी ने खुद उन नंबरों पर कॉल किया, तो अधिकांश नंबर बंद मिले या केरल और राजस्थान जैसे अन्य राज्यों के निकले। प्रथम दृष्टया यह करोड़ों रुपये के सरकारी धन के गबन का मामला प्रतीत हो रहा है।

निरीक्षण के दौरान अस्पतालों की स्थिति भयावह पाई गई। सिटी हॉस्पिटल में कोई भी डॉक्टर मौजूद नहीं था। अस्पताल बिना नक्शा पास कराए चल रहा था। यहाँ तक कि दवा दुकान भी बिना लाइसेंस और फार्मासिस्ट के संचालित थी। नेत्र सहायक (ऑप्टोमेट्रिस्ट) ही मरीजों की सर्जरी और जांच कर रहे थे। मंगलम नेत्रालय में भी डॉक्टर नदारद थे। ऑपरेशन के महज 1-2 घंटे बाद ही मरीजों को डिस्चार्ज कर दिया जाता था। रजिस्टर में भारी गड़बड़ी पाई गई। सिटी मेडिसिन सेंटर (कर्माटांड़) में छापेमारी की भनक लगते ही संचालक सेंटर बंद कर भाग निकला, जिसे प्रशासन ने तुरंत सील कर दिया।

उपायुक्त ने कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए सिटी हॉस्पिटल और मंगलम नेत्रालय को सील करने और संचालकों के खिलाफ FIR दर्ज करने का आदेश दिया है। साथ ही, फर्जी डिग्री पर काम कर रहे कर्मियों की डिग्री रद्द करने की अनुशंसा भी की गई है। इस जांच टीम में एसडीएम अनंत कुमार, सिविल सर्जन डॉ. एपीएन देव सहित कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे। प्रशासन की इस कार्रवाई ने स्पष्ट कर दिया है कि गरीबों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वाले किसी भी संस्थान को बख्शा नहीं जाएगा।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *