चेन्नई। न्यूजस्टिच
तमिलनाडु की राजनीति में दशकों से चली आ रही दो ध्रुवीय (DMK बनाम AIADMK) परंपरा आज इतिहास के पन्नों में दफन होती दिख रही है। 23 अप्रैल को हुए मतदान के बाद आज जब मतपेटियां खुलीं, तो रुझानों ने न केवल राजनीतिक पंडितों को चौंका दिया। बल्कि राज्य के सत्ता गलियारों में भी कंपन पैदा कर दिया है। अभिनेता से नेता बने विजय (Thalapathy Vijay) की पार्टी तमिलगा वेट्टी कड़गम (TVK) ने अपने पहले ही चुनाव में वह कर दिखाया है। जिसकी कल्पना शायद ही किसी ने की थी। लोगों का कहना है कि तामिलनाडु में सीटी ने सूर्य का उदय रोक दिया। विजय ने ऐतिहासिक बढ़त बनाई है।
रुझानों में विजय का ‘विजय’ रथ
ताजा आंकड़ों के मुताबिक राज्य की 234 सीटों में से 207 सीटों के शुरुआती रुझान सामने आ चुके हैं। इनमें विजय की TVK 94 सीटों पर अजेय बढ़त बनाए हुए है। यह आंकड़ा इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि 2024 में गठित इस पार्टी ने बिना किसी गठबंधन के अकेले चुनाव लड़ा था। दूसरी ओर सत्तारूढ़ DMK गठबंधन मात्र 43 सीटों पर सिमटता दिख रहा है। जबकि AIADMK गठबंधन 69 सीटों पर बढ़त के साथ दूसरे नंबर पर संघर्ष कर रहा है।
स्टालिन के गढ़ में सेंध, युवाओं का ‘क्रेज’
सबसे चौंकाने वाली खबर मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन की अपनी पारंपरिक सीट कोलाथुर से आ रही है। जहां वे शुरुआती दौर में पिछड़ रहे हैं। विजय खुद तिरुचि ईस्ट और पेरम्बूर दोनों सीटों से आगे चल रहे हैं। TVK की यह आंधी चेन्नई के शहरी इलाकों जैसे वेलाचेरी और टी. नगर में सबसे ज्यादा प्रभावी दिख रही है।
राजनीतिक विश्लेषण
युवा शक्ति का उदय: तमिलनाडु में 85% का भारी मतदान इस बात का संकेत था कि जनता बदलाव चाहती है। विजय के प्रति युवाओं का आकर्षण और ‘एंटी-इन्कंबेंसी’ (सत्ता विरोधी लहर) ने TVK को रॉकेट की रफ्तार दी है।
द्रविड़ राजनीति में नया अध्याय: दशकों बाद किसी तीसरी शक्ति ने द्रविड़ विचारधारा के दोनों दिग्गजों को एक साथ पीछे धकेला है।
मुद्दे: भ्रष्टाचार, बेरोजगारी और पुरानी पार्टियों के प्रति ऊब ने विजय के ‘क्लीन इमेज’ और ‘तमिल गौरव’ के एजेंडे को खाद-पानी दिया है।
किंग या किंगमेकर?
हालांकि अभी किसी भी सीट पर आधिकारिक जीत की घोषणा नहीं हुई है, लेकिन 118 के बहुमत के आंकड़े की ओर बढ़ती TVK ने यह साफ कर दिया है कि तमिलनाडु की सत्ता की चाबी अब ‘थलापति’ के हाथ में हो सकती है। यदि यह रुझान नतीजों में बदलते हैं, तो यह भारतीय राजनीति के इतिहास में किसी भी फिल्मी सितारे की अब तक की सबसे बड़ी राजनीतिक ‘डेब्यू’ जीत होगी। तमिलनाडु की सड़कों पर विजय के समर्थकों का जश्न शुरू हो चुका है, वहीं DMK और AIADMK के खेमों में सन्नाटा पसरा है। क्या विजय अकेले दम पर सरकार बनाएंगे या राज्य त्रिशंकु विधानसभा की ओर बढ़ेगा? सबकी निगाहें अब अंतिम नतीजों पर टिकी हैं।

